तेज़ होकर
आप दुनिया में जगह बना सकते हैं।
धीरे होकर
आप जीवन को
अपने भीतर जगह देते हैं।
और जब जीवन
आपके भीतर जगह पा ले—
तो आपको
कहीं फिट होने की
ज़रूरत नहीं रहती।
आप
जाग चुके होते हैं।
तेज़ होकर
आप दुनिया में जगह बना सकते हैं।
धीरे होकर
आप जीवन को
अपने भीतर जगह देते हैं।
और जब जीवन
आपके भीतर जगह पा ले—
तो आपको
कहीं फिट होने की
ज़रूरत नहीं रहती।
आप
जाग चुके होते हैं।